खाद्य प्रसंस्करण उद्योग में इंडस्ट्रियल हीटर की भूमिका और बाजार का हाल

खाद्य प्रसंस्करण यानी फूड प्रोसेसिंग में इंडस्ट्रियल हीटर बेहद जरूरी हिस्से बन चुके हैं। यह जानकारी 1 सितंबर 2026 को प्रकाशित ANIDEL रिपोर्ट में सामने आई है। ये सिस्टम सामग्री को गर्म करने, तरल पदार्थों का तापमान बनाए रखने, पकाने, सुखाने, पाश्चुरीकरण, नसबंदी और अंतिम उत्पाद की सीलिंग जैसे महत्वपूर्ण चरणों को पूरा करते हैं। यह रिपोर्ट बताती है कि खाद्य सुरक्षा के कड़े मानकों जैसे HACCP, FDA और NSF को पूरा करने और उत्पाद की गुणवत्ता बनाए रखने के लिए ये सिस्टम बहुत जरूरी हैं।
बाजार का आकार और विकास
Persistence Market Research द्वारा 1 सितंबर 2026 को जारी रिपोर्ट के अनुसार, वैश्विक औद्योगिक ड्रायर बाजार 2026 में 8.2 अरब अमेरिकी डॉलर से बढ़कर 2033 तक 12.3 अरब अमेरिकी डॉलर होने का अनुमान है, जिसकी वार्षिक वृद्धि दर 6.0% है। इसके साथ ही, वैश्विक औद्योगिक हीटिंग उपकरण बाजार 2033 तक 112.1 अरब अमेरिकी डॉलर तक पहुंचने की उम्मीद है। वहीं, भारत का विशिष्ट औद्योगिक हीटर बाजार 3.73% की वार्षिक वृद्धि दर के साथ 2034 तक 93.6 मिलियन अमेरिकी डॉलर तक फैलने की उम्मीद है।
उद्योग के नेताओं की प्रतिक्रिया और नई तकनीक
उद्योग के बड़े खिलाड़ी इन मांगों को पूरा करने के लिए तकनीकी नवाचार कर रहे हैं। DHE Heaters ऊर्जा दक्षता के रुझानों की तैयारी कर रहा है, जबकि Heat and Control जैसे संस्थान कैस्केड वाटर रीसर्क्युलेशन सिस्टम जैसी तकनीक विकसित कर रहे हैं। मई 2025 में, Bühler ने OptiBake इंडक्टिवली हीटेड सिस्टम लॉन्च किया। 1 सितंबर 2026 तक, पॉली-क्लिप सिस्टम ने वैकल्पिक प्रोटीन को एक प्रमुख रणनीतिक विकास क्षेत्र के रूप में पहचाना है। इसके अलावा, AEG ने 1 सितंबर 2026 को घोषणा की कि वह IFA 2026 में अपना OnePot Pasta हॉब पेश करेगा। Heat and Control के प्रोसेसिंग इनोवेशन डायरेक्टर रिक बाजेमा ने बताया कि खाद्य निर्माता वर्तमान में इन प्रक्रियाओं के दौरान ऊर्जा, पानी और कचरे की खपत को कम करने के भारी दबाव में हैं।