दिल्ली के पांच सरकारी अस्पतालों में बनेंगे 400 नए क्रिटिकल केयर बेड, पीडब्ल्यूडी ने शुरू किया काम

दिल्ली सरकार के लोक निर्माण विभाग यानी पीडब्ल्यूडी ने शहर के पांच सरकारी अस्पतालों में नए क्रिटिकल केयर ब्लॉक बनाने की एक बड़ी परियोजना शुरू की है। इस योजना का मुख्य उद्देश्य दिल्ली के स्वास्थ्य ढांचे में कुल 400 नए बेड जोड़ना है। इसके लिए विभाग ने इन सुविधाओं के लिए एकीकृत योजना, डिजाइन, इंजीनियरिंग, प्रूफ चेकिंग और तकनीकी सहायता की देखरेख हेतु कंसल्टेंसी सेवाओं के लिए टेंडर आमंत्रित किए हैं। इस बारे में अधिक जानकारी यहाँ पढ़ें।
अस्पतालों में कहां और कितने बेड बनेंगे
इस नियोजित विस्तार के तहत भगवान महावीर अस्पताल, महर्षि वाल्मीकि अस्पताल और दीन दयाल उपाध्याय अस्पताल में 100-100 बेड के ब्लॉक जोड़े जाएंगे। इसके अलावा, बाबा साहब अंबेडकर अस्पताल और इंस्टीट्यूट ऑफ ह्यूमन बिहेवियर एंड एलाइड साइंसेज यानी इहबास में 50-50 बेड के ब्लॉक बनाए जाने तय किए गए हैं।
जून 2025 के निर्देशों और बजट के तहत हुई शुरुआत
यह पहल दिल्ली के स्वास्थ्य मंत्री पंकज सिंह द्वारा जून 2025 में जारी किए गए उन निर्देशों के बाद शुरू हुई है, जिसमें अधिकारियों को केंद्र सरकार के पीएम-आयुष्मान भारत स्वास्थ्य इन्फ्रास्ट्रक्चर मिशन के तहत मौजूदा अस्पतालों के भीतर क्रिटिकल केयर यूनिट स्थापित करने के लिए जगह की पहचान करने का निर्देश दिया गया था।
बजट और अन्य परियोजनाओं की जानकारी
इस प्रोजेक्ट को मार्च 2026 में स्वीकृत दिल्ली स्वास्थ्य बजट 2026 से और अधिक समर्थन मिला है, जिसमें आईसीयू सुविधाओं को बढ़ाने और आपातकालीन प्रतिक्रिया प्रणालियों को मजबूत करने को प्राथमिकता दी गई थी। चल रहे अस्पताल निर्माण के लिए लगभग 1,000 करोड़ रुपये के आवंटन के साथ, सरकार का लक्ष्य 10 से 13 रुकी हुई परियोजनाओं को पूरा करना है, जिससे अंततः शहर भर में लगभग 6,500 नए बेड जोड़े जा सकें।